Bichhad Ke Mujhse Kisi Ki Na Ho Saki Hogi

भीड मे थी, ना रो सकी होगी,
मगर यकीन है सुबह तक ना सो सकी होगी,
वो शख्स जिसे समझने मे मुझे उम्र लगी,
बिछड के मुझसे किसी की ना हो सकी होगी…

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