Uth Jaa Kambakhat

Uth Jaa Kambakhat

माँ अपने बेटे से: उठ जा कम्बखत, देख सूरज कब का निकल आया है, बेटा अपनी माँ से: तो क्या हुआ माँ! वो सोता भी तो मुझसे पहले है… ☺☺☺