Aisi Sirf Aur Sirf Maa Hoti Hai

Aisi Sirf Aur Sirf Maa Hoti Hai

मेरी गलतियों को वो माफ कर देती है, बहुत गुस्से मे होती है तो भी प्यार देती है, होठों पे उसके हमेशा दुआ होती है, एैसी सिर्फ और सिर्फ “माँ” होती है…